67 देशों के प्रतिनिधियों से वर्चुअल संवाद करेंगे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी - Jai Bharat Express | हिंदी न्यूज़ पोर्टल | जबलपुर एवं मध्यप्रदेश की ताज़ा खबरें

Jai Bharat Express  | हिंदी न्यूज़ पोर्टल | जबलपुर एवं मध्यप्रदेश की ताज़ा खबरें

Jai Bharat Express एक हिंदी समाचार पोर्टल है, जहाँ जबलपुर, मध्यप्रदेश, देश, राजनीति, अपराध, प्रॉपर्टी, व्यापार, शिक्षा एवं ताज़ा खबरें प्रकाशित की जाती हैं। निष्पक्ष, विश्वसनीय और तेज़ समाचारों के लिए Jai Bharat Express पढ़ें।

Breaking

67 देशों के प्रतिनिधियों से वर्चुअल संवाद करेंगे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी

गुरुग्राम,  अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन की ओर से आयोजित विश्व सौर प्रौद्योगिकी कांग्रेस का शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे। आठ सितंबर को वर्चुअल आयोजन किया जाएगा। शुभारंभ करने के साथ ही प्रधानमंत्री मोदी दुनिया के 67 देशों के प्रतिनिधियों से संवाद करेंगे। प्रतिनिधियों में कई देशों के मंत्री से लेकर विभिन्न कंपनियों के चेयरमैन व मुख्य कार्यकारी अधिकारी शामिल होंगे। देश के प्रसिद्ध उद्याेगपति रतन टाटा भी विशेष रूप से भाग लेंगे।
गौरतबल है कि पूरी दुनिया में सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 30 नवंबर 2015 को पेरिस सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विशेष प्रयास से अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन अस्तित्व में आया। अब तक दुनिया के 67 देश सदस्य बन चुके हैं। वैसे 87 देश सदस्य बनने के लिए सहमति व्यक्त कर चुके हैं। अब जमीनी स्तर पर काम तेज हो इसे ध्यान में रखकर पहली बार विश्व सौर प्रौद्योगिकी कांग्रेस का आयोजन किया जा रहा है। इसमें सभी देशों के प्रतिनिधि सौर ऊर्जा के क्षेत्र में क्या कुछ बेहतर किया जा सकता है, इस बारे में न केवल सुझाव देंगे बल्कि उनके देश में अब तक क्या-क्या प्रयास किए जा चुके हैं, उसके बारे में विस्तृत जानकारी देंगे। कंपनियों के अधिकारी किस तरह सौर ऊर्जा को बढ़ावा दे सकते हैं, किस तरह सस्ते दर पर सौर ऊर्जा से संबंधित उपकरण लोगों को उपलब्ध करा सकते हैं, इस बारे में जानकारी देंगे।
नोबल विजेताओं से भी संवाद करेंगे मोदी
विश्व सौर प्रौद्योगिकी कांग्रेस में विज्ञान के क्षेत्र में नोबल पुरस्कार प्राप्त करने वालों को भी आमंत्रित किया गया है। साथ ही सौर ऊर्जा आधारित हवाई जहाज चलाने वाले पायलट भी भाग लेंगे। सभी से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संवाद कर सौर ऊर्जा के क्षेत्र में क्या विशेष किए जा सकते हैं, सुझाव लेंगे। कार्यक्रम की तैयारी को लेकर अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन (आइएसए) की ओर से तैयारी तेज कर दी गई है। कार्यक्रम शाम चार बजे से रात नौ बजे तक चलेगा। आइएसए के महानिदेशक उपेंद्र त्रिपाठी का कहना है कि पहली बार विश्व सौर प्रौद्योगिकी कांग्रेस का आयोजन किया जा रहा है। इसमें 67 देश ही नहीं बल्कि दुनिया के सभी देश भाग ले सकते हैं। 67 सदस्य देश हैं, वे तो भाग लेंगे ही। सभी देशों को सूचना देने का काम तेज कर दिया गया है।