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टीम इंडिया की जर्सी और किट पर दिखेगा इस कंपनी का लोगो, जानिए कौन कौन है रेस में

New Delhi:
भारतीय क्रिकेट टीम अभी कोई इंटरनेशनल मैच नहीं खेल रही है. आईपीएल 2020 (IPL 2020) सितंबर से शुरू होकर नवंबर तक खेला जाएगा. टीम इंडिया (Team India) इंटरनेशनल मैच कब खेलेगी, यह अभी साफ नहीं है. टीम ने न्‍यूजीलैंड का दौरान किया था, उसके बाद से अभी तक कोई मैच नहीं खेला है. मार्च में तीन वन डे मैच खेलने के लिए दक्षिण अफ्रीकी टीम भारत दौरे पर आई थी, लेकिन वह दौरा रद कर दिया गया था. इस बीच टीम इंडिया की जर्सी को लेकर बड़ा अपडेट आ रहा है. अब जब भी टीम इंडिया मैदान पर उतरेगी तो उसकी ड्रेस (Team India Dress) कुछ बदली हुई नजर आने वाली है. हालांकि टीम के रंग और डिजाइन में कोई खास बदलाव नहीं होगा, लेकिन टीम की जर्सी पर अभी तक जो नाइके (Nike Logo) का लोगो दिखाई देता था, वह अब शायद नहीं दिखाई देगा. लेकिन इस नाइके के लोगो की जगह किसी कंपनी का लोगो होगा, उसका भी अपडेट सामने आ रहा है.
जर्मनी की खेल सामान और फुटवियर निर्माता कंपनी प्यूमा भारतीय क्रिकेट टीम के किट प्रायोजन अधिकार खरीदने की दौड़ में सबसे आगे है, जबकि उसकी प्रतिद्वंद्वी कंपनी एडीडास भी दौड़ में शामिल हो सकती है. इसकी अभी पुष्टि नहीं हो सकी है कि नाइके दोबारा बोली लगाएगा या नहीं. वह बीसीसीआई की कम बोली लगाने की पेशकश ठुकरा चुका है. नाइके ने 2016 से 2020 के लिये 370 करोड़ (प्लस 30 करोड़ रॉयल्टी) दिए थे. बोर्ड के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि मैं इसकी पुष्टि करता हूं कि प्यूमा ने आईटीटी (निविदा आमंत्रण) दस्तावेज खरीदे हैं जिनकी कीमत एक लाख रुपये है. इसे खरीदने का मतलब हालांकि यह नहीं है कि वह बोली लगाने ही जा रहे है. प्यूमा ने बोली लगाने में वाकई दिलचस्पी दिखाई है. 
समझा जाता है कि एडीडास ने भी इसमें रुचि जताई है लेकिन अभी यह पता नहीं चल सका है कि वह प्रायोजन अधिकारी के लिए बोली लगाएगा या नहीं. कुछ का मानना है कि जर्मन कंपनी मर्केंडाइस उत्पादों के लिए स्वतंत्र रूप से बोली लगा सकती है जिसके लिए अलग निविदा होगी. उत्पादों की बिक्री इस पर भी निर्भर करती है कि कंपनी के कितने एक्सक्लूजिव स्टोर या बिक्री केंद्र हैं. प्यूलमा के 350 से ज्यादा एक्सक्लूजिव स्टोर हैं जबकि एडीडास के 450 से ज्यादा आउटलेट हैं. एक विशेषज्ञ ने कहा कि अगर कोई नई कंपनी पांच साल के लिए करीब 200 करोड़ रुपये की बोली लगाकर अधिकार खरीद लेती है तो कोई हैरानी नहीं होगी. यह नाइके द्वारा चुकाई गई पिछली रकम से काफी कम होगा. 
उन्होंने कहा कि बोर्ड ने पहले नाइके को पेशकश की जो उसने ठुकरा दी. इसके मायने है कि या तो उसकी रूचि नहीं है या वह और कम दाम की बोली लगाना चाहता है. प्यूमा की पिछले कुछ साल में भारतीय बाजार में दिलचस्पी बढ़ी है, खासकर आईपीएल के जरिये और अब भारतीय कप्तान विराट कोहली व स्टार बल्लेबाज केएल राहुल इसके ब्रांड एम्‍बेस्‍डर हैं. बीसीसीआई ने पिछले चक्र में प्रति मैच बोली की बेसप्राइज 88 लाख रूपये रखी थी जो घटाकर 61 लाख रूपये कर दी गई है.

आपको बता दें कि बीसीसीआई ने नाइके से सितंबर में खत्म हो रहे करार का नवीनीकरण नहीं करने का फैसला किया है. बीसीसीआई की एपेक्स काउंसिल की हुई ऑनलाइन बैठक में कई मसलों पर बात की गई, जिनमें पोशाक प्रायोजन करार शामिल था. नाइके का चार साल का 370 करोड़ रुपये का करार था, जिसकी 30 करोड़ रुपये रॉयल्टी थी. अब वे एक अक्टूबर से शुरू हो रहे नए चक्र के लिए ताजा प्रस्ताव नहीं भेजेंगे.