शिरडी के साईंबाबा मंदिर में भगवान के नाम पर ऑनलाइन धोखाधड़ी - Jai Bharat Express | हिंदी न्यूज़ पोर्टल | जबलपुर एवं मध्यप्रदेश की ताज़ा खबरें

Jai Bharat Express  | हिंदी न्यूज़ पोर्टल | जबलपुर एवं मध्यप्रदेश की ताज़ा खबरें

Jai Bharat Express एक हिंदी समाचार पोर्टल है, जहाँ जबलपुर, मध्यप्रदेश, देश, राजनीति, अपराध, प्रॉपर्टी, व्यापार, शिक्षा एवं ताज़ा खबरें प्रकाशित की जाती हैं। निष्पक्ष, विश्वसनीय और तेज़ समाचारों के लिए Jai Bharat Express पढ़ें।

Breaking

शिरडी के साईंबाबा मंदिर में भगवान के नाम पर ऑनलाइन धोखाधड़ी



अहमदनगर । प्रसिद्ध श्री साईंबाबा संस्थान ट्रस्ट (एसएसएसटी), शिरडी ने साईंबाबा के नाम पर भक्तों से अवैध दान मांगने के एक ऑनलाइन धोखाधड़ी का पता लगाया है। ये जानकारी आधिकारिक तौर पर मिली है। ट्रस्ट के सीईओ कन्हुराज बागटे ने कहा कि पिछले सप्ताहांत, एसएसएसटी अधिकारियों को शिकायत मिली थी कि कुछ अज्ञात व्यक्ति कथित रूप से मंदिर के प्रतिनिधि के रूप में प्रस्तुत होकर सोशल मीडिया के माध्यम से दान मांग रहे थे।
एक एसएसएसटी के प्रवक्ता एकनाथ गोंडकर ने आईएएनएस को बताया '' हमें व्हाट्सएप, फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया समूहों पर कुछ संदेशों से जानकारी मिली, जिसमें पूजा, आरती, प्रसाद आदि के लिए आम जनता से दान की मांग की गई थी। हमने प्रारंभिक पूछताछ की और पाया कि वे सभी धोखेबाज व्यक्ति थे।''

एसएसएसटी के सीईओ ने बताया कि कोविड लॉकडाउन को देखते हुए, श्री साईबाबा समाधि मंदिर 5 अप्रैल से सभी भक्तों के लिए बंद कर दिया गया है।

बागटे ने कहा कि इन परिस्थितियों में, श्री साईबाबा सेवाभावी संस्थान, शिरडी के रूप में शिरडी में एक काल्पनिक और एक गुमनाम संगठन, ऑनलाइन, पेटीएम और गूगल पे के माध्यम से भक्तों से अन्नदान के कारण ऑनलाइन दान की मांग करता पाया गया।

बागटे ने चेतावनी दी कि अनुचित लाभ उठाते हुए, कुछ धोखेबाज संगठन समान या समानार्थी नामों का उपयोग कर रहे हैं । ये अपनी वेबसाइट, फेसबुक पेजों या सोशल मीडिया खातों के माध्यम से भक्तों से नकद, ऑनलाइन या वस्तु के रूप में दान लेने के लिए धोखा दे रहे हैं।

गोंडकर ने कहा कि अधिक पूछताछ करने के बाद, एसएसएसटी एक औपचारिक पुलिस शिकायत दर्ज करने पर विचार करेगा ताकि कथित घोटाले के दोषियों की पहचान की जा सके और उनके खिलाफ मामला दर्ज किया जा सके।

इस बीच, एसएसएसटी ने लोगों को इन धोखाधड़ी पर चेतावनी देते हुए एक सार्वजनिक अपील जारी की है । इसमें लोगों को सलाह दी है कि दान के लिए ऐसी किसी भी कॉल का जवाब देने से पहले केवल अपनी आधिकारिक वेबसाइटों या ईमेल के माध्यम से ट्रस्ट अधिकारियों से संपर्क करें।